बेतिया में वामपंथी दलों (सीपीआई और सीपीएम) ने "बदलो सरकार, बचाओ बिहार" के नारे के साथ विशाल प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने बिहार में बढ़ते अपराध, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार और सरकारी नीतियों की विफलता के खिलाफ आवाज उठाई। उन्होंने सरकार को सत्ता से हटाने और जनता से जुड़े मुद्दों पर कार्रवाई करने की मांग की।
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मुख्य बिंदु:
- सरकार विरोधी प्रदर्शन: वामपंथी दलों ने बेतिया जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया।
- बेरोजगारी व भ्रष्टाचार पर हमला: सरकार को अपराध, पलायन और भ्रष्टाचार के लिए जिम्मेदार ठहराया।
- मुख्य मांगें: किसानों की कर्जमाफी, गरीबों को जमीन, संविदा कर्मियों की स्थायी नौकरी, बेरोजगारी भत्ता।
- सड़क व बाढ़ समस्या: जर्जर सड़कों की मरम्मत और सिकरहना तटबंध निर्माण पर रोक की मांग।
- प्रदर्शन का नेतृत्व: कई वामपंथी नेता और कार्यकर्ता शामिल हुए।
बेतिया में सीपीआई और सीपीएम के कार्यकर्ताओं ने वामपंथी दलों के राज्यव्यापी आह्वान पर "बदलो सरकार, बचाओ बिहार" के नारे के साथ जिला मुख्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया। राज देवरी से निकला यह जुलूस शहर के विभिन्न मार्गों से होते हुए समाहरणालय गेट पर पहुंचा, जहां प्रदर्शनकारियों ने सरकार की नीतियों के खिलाफ आक्रोश जताया।
प्रदर्शनकारियों ने डबल इंजन सरकार की विफलताओं को लेकर नीतीश सरकार को निशाने पर लिया। उन्होंने बिहार में बढ़ते अपराध, बेरोजगारी, पलायन, और भ्रष्टाचार के लिए सरकार को जिम्मेदार ठहराते हुए सत्ता से बेदखल करने का आह्वान किया।
प्रमुख मांगें:
- किसानों का कर्ज माफ किया जाए।
- गरीबों को 5 डिसमिल जमीन दी जाए।
- अंचल और प्रखंड कार्यालयों में भ्रष्टाचार रोका जाए।
- बेतिया राज की भूमि पर बसे लोगों को मालिकाना हक मिले।
- जनविरोधी सिकरहना तटबंध निर्माण पर रोक लगे।
- मनुआपुल से कालीबाग मंदिर तक की जर्जर सड़क सुधारी जाए।
- मजदूर विरोधी 4 श्रम संहिताएं वापस ली जाएं।
- संविदा कर्मियों को स्थायी सेवा और न्यूनतम ₹26,000 मासिक मानदेय मिले।
- बेरोजगार युवाओं को बेरोजगारी भत्ता दिया जाए।
- ग्रामीण महिलाओं को माइक्रोफाइनेंस कंपनियों की लूट से बचाया जाए।
नेतृत्व में प्रमुख चेहरे:
प्रदर्शन का नेतृत्व माकपा के राज्य सचिव मंडल सदस्य प्रभु राज नारायण राव, भाकपा के राज्य कार्यकारिणी सदस्य ओम प्रकाश क्रांति, सीपीएम के जिला सचिव चांदसी यादव, भाकपा के बब्लू दूबे, राधामोहन यादव, अशोक मिश्र, बीरेंद्र राव, और अन्य नेताओं ने किया।
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